MP NEWS24-कोरोना काल की वजह विगत दो वर्षो से सार्वजनिक आयोजनों पर रोक थी। प्रतिबंध खत्म होने के बाद इस वर्ष टोडरमलजी की जयंति पर निकलने वाला जुलूस उत्साह से निकाला गया। शुक्रवार को आराध्य देव राजा टोडरमलजी की जयंति मनाऐ जाने के बाद शनिवार को निकले भव्य जुलूस में पोरवाल समाजजनों ने सामाजिक एकता का संदेश दिया। जुलूस के चलते समाज के व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान आधे दिन के लिए बंद रखे।अगवानी झांसी की रानी के वेष में घोडे पर सवार बालिका व ध्वज लिए समाजजनों ने की तो अंतिम छोर पर राजा टोडरमल की झांकी के आगे पहली बार शामिल हुई झाबुआ की नृत्य पार्टी ने आदिवासी नृत्य की प्रस्तुती दी।
दोपहर करीब 1 बजे शोभा यात्रा बद्रीविशाल ंदिर गेट नम्बर 1 से प्रारंभ हुई जो शहर के मुख्य मार्गो से गुजरकर शाम को पुनः मंदिर पहुॅंची। यहॉं महाआरती के बाद महाप्रसादी का आयोजन हुआ। कडाबीन की गूंज से जुलूस के आने का संदेश दिया गया। समाज की महिला मंडल, बालिका मंडल, बहू मंडल की महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में नजर आई। साफा, चश्मा, छतरी गरबा आकर्षण का केन्द्र रहा।
दूसरी तरफ डीजे पर युवक-युवतियॉं जमकर थिरके। जुलूस में तोपगाडी से फूलों की बारिश की जा रही थी। वही बग्गी में बद्रीविशालजी, राधाकृष्णजी की झांकी भी शामिल की गई थी। आगे टोडरमलजी का लवाजमा भी चल रहा था। इस दौरान हजारों की संख्या में समाजजनों ने जुलूस में हिस्सा लिया।
जवाहर मार्ग पर किया भव्य स्वागत
समाज के निकले भव्य जुलूस का स्वागत पोरवाल कपल ग्रुप द्वारा जवाहर मार्ग पर किया गया। स्वागत हेतु संगठन द्वारा आकर्षक मंच भी बनाया गया था तथा केशरिया ध्वज भी लगाए गए थे। यहॉं संगठन पदाधिकारियों द्वारा जुलूस में शामिल समाजजनों एवं नागरिकों को 4 क्विंटल छाछ का वितरण दोपहर 1 बजे से शाम 7 बजे तक किया गया। इस दौरान जुलूस को निहारने के लिए आए शहरवासियों को भी छाछ पिलाई गई। जुलूस का स्वागत संपूर्ण शहर में कई स्थानों पर किया गया। विधायक दिलीपसिंह गुर्जर, पूर्व विधायक लालसिंह राणावत, दिलीप शेखावत आदि राजनेताओं ने भी जुलूस का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया।
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